
सजा है हाथ मेहदीं से
निखरी है आज मेहदीं
दुल्हन की
खुद पे आज नाज करती वह
कि
निखरी है आज मेहदीं
लोगो को दिखाती आज
मेहदीं का हाथ
खुद पर रिझती
खुद पर करती नाज
निखरी है आज मेहदीं

कल हुआ था जन्म मेरा
आज है जन्मदिवस
हर तरफ फैली है खुशीयाँ
लोग है हँसते हुये
लोग है नाचते हुये
घर मे है आज उत्सव
कही बन रहे है पुवे
तो कही बन रहे है पकवान
जुटे है आज लोग
मनाने मेरा जन्मदिवस
हर तरफ फैली है खुशीयाँ
आज है मेरा जन्मदिवस ।

ख्वाब
देखा, कल रात
मैने इक सपना
वो हकीकत था या सपना
मै खुद समझ नही पाया
वो आयी और चली गयी
सुहाने सपने देकर
मै ढुढता रहा
लेकिन वो चली गयी
वो सपने से
देखा, कल रात
मैने इक सपना...